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म्यूनिख शहर और यहाँ की बियर

म्यूनिख (Munich or München) दक्षिण जर्मनी का सबसे बड़ा शहर और बवेरिया (Bavaria or Bayern) प्रदेश की राजधानी है। एक प्रमुख औद्योगिक नगर होने के साथ ही यह दुनिया के सबसे बड़े बियर उत्सव ओक्टोबर्फेस्ट (Oktoberfest) के लिए भी जाना जाता है। सितम्बर और अक्टूबर माह में होने वाले इस उत्सव में दुनिया भर से करीब ५० से ६० लाख लोग इस उत्सव के लिये बनाई गई विशिष्ट बियर का आनंद लेने यहाँ आते हैं। इसी कारण से इसे विश्व की बियर राजधानी (beer capital of the world) भी कहा जाता है। गत माह मैं करीब एक सप्ताह के लिए म्यूनिख गया था जिससे मुझे वहाँ की बियर और संस्कृति के बारे बहुत कुछ जानने को मिला, तो आइये इस पोस्ट में प्रस्तुत है म्यूनिख बियर (Münchener Bier) की कुछ ख़ास बातें।

जर्मनी और ख़ासकर बवेरिया में बियर लगभग सभ्यता जितनी ही पुरानी है। यहाँ की कई ब्र्यूवरी ५०० से अधिक वर्ष पुरानी हैं, और कुछ तो ८०० से लगभग १००० वर्ष। औद्योगिक स्तर पर बड़ी मात्रा में बनाई जाने वाली लागर (lager) बियर से सम्बंधित बहुत से अन्वेषण और प्रक्रम विकास कार्य म्यूनिख के आसपास की ब्र्यूवरी और युनिवर्सिटी में ही हुये। यहाँ पर मुख्यतः लागर बियर ही बनाई जाती है और बियर में भिन्नता और अनूठापन लाने के बजाय एक लगभग नियत अच्छे स्वाद और मात्रा पर अधिक ध्यान दिया जाता है। इसीलिये यहाँ के बार और रेस्त्राँ में १ लीटर या आधा लीटर के बियर मग ही देखने को मिलते हैं। बियर बोतल भी ३३० मिली के बजाय ५०० मिली की होती है। बियर में एल्कोहॉल प्रतिशत सामान्यतः लगभग ५ से ६ के बीच होता है जबकि ओक्टोबर्फेस्ट के लिये बनायी जाने वाली बियर लगभग २% अधिक सशक्त होती है। इसके अतिरिक्त म्यूनिख अपने विशाल बियर गार्डन (Biergarten) और बियर हॉल के लिये भी जाना जाता है जिनकी प्राचीन काल से जनसभाओं और जन आन्दोलन में एक प्रमुख भूमिका रही है। हिटलर के नेतृत्व में नाज़ी पार्टी द्वारा १९२३ में किया गया असफल विद्रोह जो कि इतिहास में बियर हॉल पुच (Beer Hall Putsch) के नाम से जाना जाता है यहीं के एक बियर हॉल बर्गरब्राऊकेलर (Bürgerbräukeller) में हुआ था जो कि अब अस्तित्व में नहीं है। हौफ़ब्रौहौस (Hofbräuhäus) एक और बियर गार्डन है जोकि विश्व में सबसे प्रसिद्द बियर हॉल कहा जाता है। आजकल म्यूनिख के अतिरिक्त अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, इटली आदि कई अन्य देशों में इसकी शाखाएं हैं। म्यूनिख शहर में लगभग आधा दर्जन बड़ी ब्र्यूवरी हैं और सभी में एक बियर गार्डन/हॉल है। यहाँ की प्रमुख ब्र्यूवरी हैं: ऑगस्टीनरब्राऊ (Augustiner Bräu), हौफ़ब्राऊ (Hofbräu), पॉलनर (Paulaner), लोवेनब्राऊ (Löwenbräu), हैकर-शुर्र (Hacker-Pschorr) और स्पाटेन-फ्रैन्जिस्कनर ब्राऊ (Spaten-Franziskaner-Bräu)। यही ब्र्यूवरी अपने विशालकाय टेन्ट ओक्टोबर्फेस्ट में लगाती हैं जिनमें उत्सव के लिये बनाई गयी विशिष्ट बियर पी जा सकती है। इसके अलावा कुछ अन्य प्रमुख बवेरियन बियर हैं: बेक्स (Beck’s), वीहनस्टेफनर (Weihenstephaner), एरडिंगर (Erdinger), क्रौंबाकर (Krombacher) और ऑटिन्जर (Oettinger)। इनमें से वीहनस्टेफनर संभवतः विश्व की सबसे पुरानी ब्र्यूवरी है जोकि १०४० इसवी से लगातार कार्यरत है। आजकल यह तकनीकी युनिवर्सिटी म्यूनिख (Technische Universität München, Weihenstephan) का एक भाग है और बियर उत्पादन प्रक्रम के विकास के लिये होने वाले अनुसंधानों के लिये जानी जाती है।

लगभग सभी ब्र्यूवरी प्रमुख बवेरियन स्टाइल बियर बनाती हैं जिनमे मुख्य हैं:

पिल्स (Pils) या पिल्ज्नर (Pilsner): सबसे अधिक मात्रा में बनाने वाली हल्के रंग की बियर जोकि चेक गणराज्य की पिल्ज्नर बियर की प्रतिरूप है।
हेल (Hell) या हेलस (Helles): जर्मन में हेलस का मतलब हल्का होता है, यह हल्के रंग की लागर बियर है।
डंकल (Dunkle): जर्मन में डंकल का अर्थ होता है गहरा, अतः ये भुने हुये अनाज के बनी गहरे रंग की लागर बियर है।
वेयज़ेन (Weizen): ये जौ के स्थान पर गेहूँ से बनाई जाने वाली बियर है और यहाँ की एक मात्र ऊपरी किण्वन (top fermenting) वाली बियर है। गेहूँ में भूसे की मात्रा कम होने के कारण इससे बना मातृद्रव (wort) अधिक चिपचिपा और गाढ़ा होता है अतः यह सतत बियर उत्पादन के प्रक्रम में सामान्यतः उपयुक्त नहीं माना जाता है। भूसा साथ ही बियर का स्वनिष्पंदन करके उसे पारदर्शी भी बनाने का काम करता है। इस सब के बावजूद गेहूँ की बियर के उत्पादन का कारण है इसका एक अलग ताजगी भरा स्वाद। पारदर्शी न होने के कारण इसे व्हाईट बियर (Weissbier) भी कहते हैं। हालाँकि अब नए विकसित विशिष्ट प्रक्रम से इसे छनित करके पारदर्शी भी बनाया जा सकता है।
मार्जेन (Märzen) और ऑक्टोबरफ़ेस्टबीयर (Oktoberfestbier): ये मुख्यतः उत्सव के बनाई जाने वाली बियर है जिसे अधिक समय तक रखने के उद्देश्य से या तो अधिक एल्कोहॉल या अधिक होंप्स डाल कर बनाया जाता है।
एल्कोहॉलफ्री (Alkoholfrei): जैसा कि नाम से जाहिर है, इन बियर में से किण्वन के पश्चात एल्कोहॉल निकालकर उसका प्रतिशत ०.५ % से कम के स्तर पर लाया जाता है। स्वाद गंध इत्यादि में सामान्य बियर से इनमें कोई भिन्नता नहीं होती है, और इसे कई मौकों पर जब एल्कोहॉल नहीं चाहिए होता, पिया जा सकता है जैसे कि शारीरिक श्रम या खेलने के पूर्व या तुरंत बाद और गाड़ी या अन्य भारी मशीन चलाने से पूर्व या गर्भवती महिलायें इत्यादि।

munchener bier

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